गजेंद्र सिंह शेखावत के ‘रावण’ बाले बयान पर बवाल, अशोक गहलोत क्या बोले?
केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और उनकी सरकार की तुलना रावण से करने वाले एक बयान पर विवाद हो गया है.
गजेंद्र सिंह शेखावत ने गुरुवार को पत्रकारों से कहा, ‘‘राजस्थान के इस राजनीतिक रावण के 10 सिर हैं. इस राजनीतिक रावण को समाप्त करके राजस्थान में राम के राज्य की स्थापना करनी है.’’
उन्होंने कहा, ‘‘अगर इसके लिए अशोक गहलोत ने मुझे राम की संज्ञा दी है, तो मैं उनका धन्यवाद करता हूं.’’
उनके इस बयान पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने संजीवनी क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसाइटी घोटाले में शेखावत की कथित भूमिका का ज़िक्र किया.
पीटीआई के अनुसार उन्होंने कहा, ‘‘अगर मैं रावण हूं, तो आप राम बनिए और निवेशकों का पैसा लौटाइए.’’
शेखावत को चुनौती देते हुए उन्होंने कहा, ‘‘अगर आप मुझ पर पत्थर फेंकेंगे, तो मैं उसका इस्तेमाल गरीबों के लिए घर बनाने में करूंगा.’’
इससे पहले शेखावत ने राजस्थान की अशोक गहलोत सरकार की 10 समस्याएं गिनाई.
उन्होंने कहा, ‘‘जिस तरह से त्रेता के रावण के 10 सिर थे वैसे राजस्थान की इस सरकार के राजनीतिक रावण के भी 10 सिर हैं."
"ये भ्रष्टाचार की पुरोधा सरकार है, राजस्थान की ये सरकार तुष्टिकरण करने वाली सरकार है, राजस्थान की सरकार का किसान विरोधी चेहरा है, इसका चेहरा महिला विरोधी अत्याचार करने का है, माफिया राज को पनपाने वालों का है, रंगदारी वूसल करने वालों का है, गुंडाराज पनपाने वालों का है, बेरोज़गारी फैलाने वालों का है, धोखा देने वालों का है.’’