'मौजूदा दशक अब तक का सबसे गर्म'

दुनिया के विशेषज्ञों का कहना है कि मौजूदा दशक सबसे गर्म रहा है.
विशेषज्ञों का कहना है कि 160 वर्षों से जब से रिकॉर्ड रखना शुरू किया गया है, तब से अब तक का ये सबसे गर्म दशक रहा है.
संयुक्त राष्ट्र की मौसम संबंधी संस्था और ब्रिटेन के मौसम विभाग ने ये नतीजे कोपेनहेगन सम्मेलन में रखे.
आंकड़ों के अनुसार पिछले चार दशकों में दुनिया के तापमान में लगातार बढ़ोत्तरी हुई है.
हालांकि एक ब्रितानी विश्वविद्यालय से जलवायु रिकॉर्ड हैक होने संबंधी विवाद पर भी कुछ चर्चा हुई.
लेकिन विश्व मौसम संगठन का कहना था कि इसमें कोई शक नहीं है कि दुनिया गर्म होती जा रही है.
समझौते का आह्वान
इसके पहले संयुक्त राष्ट्र के जलवायु परिवर्तन प्रमुख ईवो डीह बुअर ने कहा था कि कोपेनहेगन सम्मेलन के ज़रिए इतिहास लिखा जाएगा लेकिन उन्होंने आगाह भी किया कि जो भी इतिहास लिखा जाए, उसका ठीक होना ज़रूरी है.
उन्होंने जलवायु परिवर्तन सम्मेलन में हिस्सा लेने वाले प्रतिनिधियों से ऐतिहासिक समझौते का आह्नान किया.
उनका कहना था कि देशों को दुनिया भर में बढ़ रहे तापमान की चुनौती का सामना करने के लिए ग्रीन हाउस समूह की गैसों का उत्सर्जन कम करने के महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित करने होंगे.
192 देशों के लगभग 15 हज़ार प्रतिनिधि एक पखवाड़ा चलने वाले कोपेनहेगन सम्मेलन में जलवायु परिवर्तन पर कोई नया समझौता करने की कोशिश कर रहे हैं.
बीबीसी के पर्यावरण मामलों के संवाददाता का कहना है कि अमरीका, भारत और चीन ने ग्रीन हाउस समूह की गैसों को कम करने के जो नए संकल्प व्यक्त किए हैं उनसे ऐसी उम्मीदें बढ़ी हैं कि सम्मेलन में कोई समझौता अवश्य ही हो जाएगा.












