जाधव मामला: नवाज़ सरकार पर बिफरा पाकिस्तानी मीडिया

इंटरनेशनल कोर्ट

इमेज स्रोत, ICJ

    • Author, एहतेशामुल हक़
    • पदनाम, पाकिस्तानी पत्रकार, बीबीसी हिंदी डॉट कॉम के लिए

कुलभूषण जाधव की फांसी पर इंटरनेशनल कोर्ट के रोक लगाने के बाद पाकिस्तानी मीडिया में सरकार और इंटरनेशनल कोर्ट दोनों की आलोचना की गई.

दुनिया अख़बार की हेडलाइन है कुलभूषण को फांसी ना दी जाए, इंटरनेशनल कोर्ट ख़ाक. अख़बार ने पहले पन्ने पर इस मामले से जुड़ी चार ख़बरों को जगह दी हैं. दूसरी ख़बर है, इंटरनेशनल कोर्ट ने 17 साल पहले भी पाकिस्तान के ख़िलाफ़ फ़ैसला दिया.

तारीख़—ए-इंसाफ़ ने लिखा कि इंटरनेशनल कोर्ट ने अनुभवहीन वकील चुना. वहीं अंग्रेज़ी अख़बार द न्यूज़ इंटरनेशनल ने लिखा कि आईसीजे ने भारतीय जासूस की फांसी पर अंतिम निर्णय होने तक रोक लगाई.

एक्सप्रेस ट्रिब्यून ने लिखा कि कुलभूषण जाधव की फांसी पर इंटरनेशनल कोर्ट के फ़ैसले पर इमरान ख़ान ने नवाज़ शरीफ़ को ज़िम्मेदार ठहराया.

कुलभूषण जाधव

इमेज स्रोत, AFP

इंटरनेशनल कोर्ट के फ़ैसले पर पाकिस्तानी मीडिया ने सरकार को भी जमकर घेरा.

विदेश नीति पर सवाल

वहीं अख़बारों को दिए गए बयानों में पाकिस्तानी के प्रधानमंत्री के विदेश मामलों के सलाहकार सरताज अज़ीज़ ने कहा है कि अंतरराष्ट्रीय अदालत ने सिर्फ़ राय दी है और आगे चलकर फ़ैसला पाकिस्तान के हक़ में आ सकता है.

पाकिस्तान के लगभग सभी अख़बारों के मुताबिक़ विपक्षी दलों ख़ासकर पीटीआई और जमात-ए-इस्लामी ने तो सरकार को आड़े हाथों लिया. वहीं इस मामले पर पाकिस्तान के कई क़ानूनी जानकारों और दूसरी राजनीतिक पार्टियों के नेताओं के बयान भी अख़बारों में छपे हैं.

जिसमें बक़ायदा प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ का नाम लेकर कहा गया है कि उनकी टीम अच्छी नहीं थी और वो इंटरनेशनल कोर्ट में अनुभवहीन लोगों को लेकर गए थे. अख़बारों में छपे विपक्षी दलों के बयानों में पाकिस्तान की विदेश नीति को भी नाकाम बताया गया है.

और सरकार पर इल्ज़ाम लगाया है कि तैयारी से ना जाने की वजह से फ़ैसला भरत के हक़ में गया. वहीं पाकिस्तान की सरकार का कहना है कि अभी फ़ैसला नहीं आया है और जब तक फ़ैसला नहीं आ जाता इसे भारत की जीत नहीं माना जा सकता.

( बीबीसी संवाददाता पंकज प्रियदर्शी से बातचीत पर आधारित.)

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)