आत्मघाती हमले में कम से कम 40 मरे

अधिकारियों के अनुसार पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र बजौर में एक संदिग्ध आत्मघाती हमले में कम से कम 40 लोग मारे गए हैं.
बजौर क्षेत्र के एक सरकारी अधिकारी विसाल अहमद ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, "हमला उस वक़्त हुआ जब क्षेत्र में युद्ध से विस्थापित हुए लोग खाने का सामान लेने के लिए जमा हुए थे."
एक रिपोर्ट के अनुसार क़रीब एक हज़ार विस्थापित लोग खाने का सामान लेने के लिए एकत्रित हुए थे.
अन्य अधिकारियों और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आत्मघाती हमले में मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है.
खाद्य सामग्री के लिए एकत्रित थे लोग
हमला उस समय हुआ जब विश्व खाद्य कार्यक्रम और अन्य सहायता एजेंसियां लोगों को खाना बांट रही थीं.
इलाक़े के मुख्य सरकारी अस्पताल के एक अधिकारी दोस्त रहमान ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, "मैंने ख़ुद 40 लाशें देखी हैं लेकिन मरने वालों की तादाद इससे भी अधिक हो सकती है क्योंकि कई घायल लोगों की हालत नाज़ुक है."
इस्लामाबाद स्थित बीबीसी संवाददाता अलीम मक़बूल के अनुसार अधिकतर मरने वाले तालिबान और पाकिस्तानी फ़ौज के बीच चल रही जंग के कारण विस्थापित हुए लोग हैं.
अलीम मक़बूल के मुताबिक बजौर में पाकिस्तानी सेना ने कई सैन्य अभियान चलाए थे, जिनके बाद ये घोषणा कि गई थी कि इस क्षेत्र में ऑपरेशन कामयाब रहा है.
तालिबान का गढ़

तालिबान और अल-क़ायदा का गढ़ माने जाने वाले पाकिस्तान के इस उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में हाल के दिनों में कई चरमपंथी हमले हुए हैं.
शुक्रवार को अफ़गानिस्तान से लगी पाकिस्तान सीमा पर क़रीब 150 तालिबान लड़ाकों ने हमला किया था जिसमें कम से कम 11 सैनिक और 20 चरमपंथी मारे गए थे.
इसी महीने पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र की मोहमंद एजेंसी में हुए एक आत्मघाती हमले में 40 लोग मारे गए थे.
अब तक किसी भी गुट ने इस आत्मघाती हमले की ज़िम्मेदारी नहीं ली है.
































