You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
लातिन अमरीका में क्यों नहीं बढ़ेंगे मुसलमान
इस्लाम दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ता हुआ धर्म है. कहा जा रहा है कि इस सदी के अंत तक मुस्लिम धर्म ईसाईयत को पीछे छोड़ देगा और पृथ्वी का सबसे बड़ा मजहब बन जाएगा.
हालांकि यह तस्वीर पूरी दुनिया की नहीं है. लातिन अमरीका में ऐसी स्थिति बिल्कुल नहीं है.
यहां तक कि अमरीका में प्यू रिसर्च सेंटर की एक स्टडी के मुताबिक़ लातिन अमरीका एक मात्र इलाका है जहां 2050 तक की अनुमानित कुल जनसंख्या वृद्धि में मुस्लिमों की वृद्धि ज़्यादा नहीं होगी.
2010 के मुक़ाबले इस इलाक़े की आबादी में 27 फ़ीसदी बढ़ोतरी की उम्मीद है, लेकिन मुस्लिमों की आबादी में यह वृद्धि दर 13 फ़ीसदी ही होगी.
प्यू स्टडी के मुताबिक़ जब पूरे ब्रह्मांड में मुस्लिम आबादी की वृद्धि दर 73 फ़ीसदी होगी जबकि सामान्य आबादी की वृद्धि दर 35 फ़ीसदी होगी.
प्यू रिसर्च ने इसमें लातिन अमरीकी और कैरिबिया के 19 देशों को भी शामिल किया गया था.
यदि यही ट्रेंड जारी रहता है तो 2050 तक लातिन अमरीका में मुस्लिमों की आबादी 9 लाख 40 हज़ार होगी. यह 2010 की जनगणना के मुताबिक़ स्पेन और इटली में मुस्लिमों की आबादी से भी कम है.
आख़िर इसकी व्याख्या कैसे की जानी चाहिए?
- मुस्लिम आबादी के मामले में लातिन अमरीका बिल्कुल अलग है, क्योंकि यहां इनकी आबादी काफ़ी कम है. प्यू रिसर्च सेंटर के एक असोसिएट डायरेक्टर ने बीबीसी से कहा कि 2010 के हिसाब से हमलोगों का अनुमान है कि इस इलाके के सभी देशों में आठ लाख 40 हज़ार मुस्लिम हैं. इसमें कैरिबियाई देश भी शामिल हैं.
2050 तक मुस्लिमों की आबादी बढ़ने का अनुमान
- अमरीका और कनाडा में 179 फ़ीसदी
- सब-सहारन अफ़्रीका में 170 फ़ीसदी
- मध्य-पूर्व और उत्तरी अमरीका में 74 फ़ीसदी
- यूरोप में 63 फ़ीसदी
- एशिया-प्रशांत में 48 फ़ीसदी
- लातिन अमरीका में 13 फ़ीसदी
प्यू रिसर्च सेंटर का कहना है कि लातिन अमरीका में 13 फ़ीसदी की यह बढ़ोतरी दुनिया की 1.6 बियिलन हिस्से का एक छोटा सा टुकड़ा है.
प्यू का कहना है कि अमरीकी महाद्वीप और कनाडा में प्रवासियों के कारण यह बढ़ोतरी होगी. लातिन अमरीका में इसके कोई संकेत नहीं दिख रहे हैं कि यहां भी यह ट्रेंड रहेगा.
प्यू के अनुसार, ''उत्तरी अमरीका, ख़ासकर संयुक्त राज्य अमरीका और कनाडा में मुस्लिम आबादी बहुत बड़ी नहीं है. हालांकि हम देख रहे हैं कि यहां मुस्लिम बहुल देशों से प्रवासी भारी संख्या में आ रहे हैं. सारे प्रवासी मुस्लिम नहीं हैं लेकिन ज़्यादातर मुस्लिम हैं.''
प्यू ने कहा कि ये प्रवासी बेहतर मौक़ों की तलाश में इन देशों का रूख कर रहे हैं. इसके साथ ही इन देशों में शरणार्थियों के लिए वीज़ा लॉटरी प्रोग्राम भी हैं.
प्यू के उस रिसर्च असोसिएट डायरेक्टर ने कहा, ''हमारे पास कोई सबूत नहीं है दक्षिण-पूर्व एशिया और अन्य इलाक़ों से शरणार्थी लातिन अमरीका में आ रहे हैं. ऐसा शायद आर्थिक कारणों और प्रवासी नीतियों के चलते हो सकता है. हालांकि जब का अनुमान लगाया गया है उस हिसाब से कोई सबूत नहीं है कि यहां मुस्लिम आबादी में वही वृद्धि दर रहेगी.''
धर्मांतरण
लातिन अमरीका में इसका एक कारण धर्मांतरण भी हो सकता है. उन्होंने कहा, ''यह तभी हो सकता है जब बड़ी संख्या में लोग धर्मांतरण कर लेंगे. यहां लोग कैथलिक पंरपरा में पले-बढ़े हैं, लेकिन वे इस्लाम को लेकर आकर्षित होते हैं और धर्मांतरण को स्वीकार करते हैं.
हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसा हो रहा है लेकिन यह कैथोलिक से प्रोटेस्टैंट के अलग-अलग रूपों में हो रहा है. ईसाइयत के भीतर ही यह शिफ्टिंग हो रही है. उदाहरण के तौर पर यहां पेंटाकोस्टलिज़म को स्वीकार वालों की संख्या तेजी से बढ़ रही है.
प्रजनन
उच्च प्रजनन दर के कारण दुनिया भर में मुस्लिमों की आबादी बढ़ रही है. प्यू रिसर्च से जुड़े हैकेट ने बताया, ''अफ़्रीका में इस्लाम काफी मजबूत है. यहां प्रत्येक महिलाओं के 4,5 या 6 बच्चे हैं. यही ट्रेंड ईसाइयों में भी है. इस इलाक़े में अतीत में भी उच्च प्रजनन दर रही है. अब ज़्यादातर देशों में महिलाओं के बच्चे 1, 2 या तीन होते हैं.''
ज़्यादा मुस्लिम आबादी वाले लातिन अमरीकी देश (आंकड़ा 2010 के मुताबिक़)
- अर्जेंटीना- 400,000
- वेनेज़ुएला- 90,000
- ब्राज़ील- 40,000
- पनामा- 30,000
- कोलंबिया- 10,000
- होंडुरस- 10,000
हैकेट ने कहा, ''तुलनात्मक रूप से यह वृद्ध दर कम है. हमलोग के पास यहां मुस्लिम आबादी में उच्च वृद्ध दर होने के कोई सबूत नहीं हैं. संभव है कि लातिन अमरीका में मुस्लिमों में प्रजजन दर थोड़ा ज़्यादा हो.
उदाहरण के लिए अर्जेंटीना में सबसे ज़यादा मुसलमान हैं. हालांकि यहां अलग से मुस्लिमों के प्रजनन दर का आंकड़ा नहीं है. अक्सर जो धार्मिक ग्रुप छोटा होता है उसका अलग से कोई आंकड़ा नहीं होता है.