ड्रोन हमले में 16 संदिग्ध चरमपंथी मारे गए

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इमेज कैप्शन, जनवरी 2009 से हुए ड्रोन हमलों में पाकिस्तान में 700 से अधिक लोग मारे गए

पाकिस्तान के दक्षिणी वज़ीरिस्तान के इलाक़े में एक अमरीकी ड्रोन विमान से चलाई गई मिसाइलों के कारण 16 संदिग्ध चरमपंथी मारे गए हैं.

ख़ुफ़िया एजेंसी के अधिकारियों के अनुसार ड्रोन यानी चालक रहित विमान के ज़रिए चरमपंथियों के एक अड्डे पर हमला किया गया.

समाचार एजेंसी एपी के अनुसार दक्षिणी वज़ीरिस्तान के नाज़ाइ नाराइ क्षेत्र में एक परिसर पर छह मिसाइलें दागी गईं. सुरक्षा एजेंसियों को शक था कि इस क़बायली इलाक़े में विदेशी लड़ाके आते-जाते हैं.

<link type="page"><caption> ग्राफ़िक्स:पाकिस्तान में जनवरी 2009 से जून 2010 तक हुए ड्रोन और चरमपंथी हमले</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/pakistan/2010/07/100723_pakdrone_attacks.shtml" platform="highweb"/></link>

ये इलाक़ा पाकिस्तान-अफ़ग़ानिस्तान सीमा पर स्थित अगूर अड्डा क्षेत्र से सटा हुआ है.

ग़ौरतलब है कि इससे पहले अमरीका के वरिष्ठ सैन्य अधिकारी एडमिरल माइक मुलन ने पाकिस्तानी नेताओं से आग्रह किया था कि वे इस्लामी चरमपंथियों से निपटें जो अफ़ग़ानिस्तान में अंतरराष्ट्रीय सेनाओं पर हमलों के लिए ज़िम्मेदार हैं.

एडमिरल माइक मुलन का कहना था कि पाकिस्तान की ख़ुफ़िया एजेंसी आईएसआई को अपनी रणनीति में मूलभूत परिवर्तन करने की ज़रूरत है.

उन्होंने आईएसआई के चरमपंथी गुटों से कथित संबंधों पर भी चिंता जताई थी.

उधर बीबीसी की उर्दू सेवा ने एक व्यापक जाँच में पाया है कि पाकिस्तान में जनवरी 2008 से जनवरी 2009 के बीच 25 ड्रोन हमले हुए जबकि राष्ट्रपति ओबामा के कार्यकाल शुरु होने के बाद जनवरी 2009 से जून 2010 के बीच 87 ड्रोन हमले हुए हैं.

साथ ही ये भी पाया गया कि जहाँ राष्ट्रपति जॉर्ज बुश के कार्यकाल के दौरान ड्रोन हमलों में 200 लोग मारे गए थे वहीं राष्ट्रपति ओबामा के अब तक के कार्यकाल के दौरान हुए इन ड्रोन हमलों में 700 लोग मारे गए हैं.