पिटाई के आरोप में आठ सैनिक निलंबित

सीमा सुरक्षा बल के आठ सैनिकों को एक व्यक्ति को यातना देने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है. ये निलंबन एक वीडियो के सामने आने के बाद हुआ है जिसमें ये सैनिक एक व्यक्ति को बुरी तरह से पीट रहे हैं.
ये घटना पश्चिम बंगाल राज्य में बांग्लादेश की सरहद पर हुई है.
सामने आया वीडियो मोबाइल फ़ोन से रिकॉर्ड किया गया है और उसे भारतीय टीवी चैनलों पर दिखाया गया है. इस वीडियो में सैनिक मुर्शिदाबाद सीमा पर मवेशियों के एक कथित तस्कर की जमकर पिटाई कर रहे हैं.
सीमा सुरक्षा बल ने इस घटना को निंदनीय बताते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं.
सीमा सुरक्षा बल के डीआईजी (हेडक्वार्टर) विकास चंद्रा ने बीबीसी संवाददाता सुवोजीत बागची से बातचीत में मामले की पुष्टि की और जांच के बारे में पूरी जानकारी दी.
चंद्रा का कहना था, ''कल शाम एक टीवी चैनल के रिपोर्टर ने हमसे संपर्क किया. हमने इस इलाक़े के कमांडेंट से जांच करने के लिए कहा. कमांडेंट ने घटना और लोगों की पुष्टि कर दी जिसके बाद आठ लोगों को निलंबित किया गया है. स्टॉफ कोर्ट ऑफ इंक्वायरी हो रही है. सबूतों के आधार पर इन लोगों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाएगी. एक हेड कांस्टेबल और सात कांस्टेबल के ख़िलाफ़ जांच हो रही है. ''
चंद्रा का कहना था कि रिपोर्टों के अनुसार जिस व्यक्ति को प्रताड़ित किया गया वो बांग्लादेशी था और इस मामले में बांग्लादेश के अधिकारियों से भी मदद लेंगे.
कुछ अखबारों ने रिपोर्ट दी है कि वो बांग्लादेशी नागरिक है. हम इसकी भी जांच कर रहे हैं.
इस बीच भारतीय विदेश मंत्रालय ने भी इस घटना पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा कि सीमा सुरक्षा बल ने मामले में त्वरित कार्रवाई की है.
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता का कहना था, ‘‘ सीमा सुरक्षा बल ने त्वरित कार्रवाई की है. इस घटना में जो जवान शामिल थे उन्हें निलंबित कर दिया और जांच के आदेश दे दिए हैं.’’
पिछले कुछ समय में भारत और बांग्लादेश के संबंध बेहतर हो रहे हैं.
लेकिन ये फिर भी ये घटनाएं क्यों हो रही हैं. बीएसएफ का कहना है कि संबंध बेहतर होने के बाद जवानों का गोलियां चलाना मना हो गया है.
बीएसएफ सूत्रों का कहना है कि चूंकि जवान गोलियां नहीं चला सकते इसलिए बांग्लादेश से आने वाले तस्कर अपने साथ हंसिया लेकर आते हैं और पकड़े जाने की स्थिति में बीएसएफ जवानों को घायल कर के भाग जाते हैं.
ऐसी स्थिति में बीएसएफ के जवान काफी परेशान हैं और संभवत उन्होंने इस कथित तस्कर को पकड़ा तो अपना पूरा गुस्सा उस पर निकाला है.
निंदनीय घटना
बीएसएफ़ के एक अधिकारी रवी पोनोथ ने बीबीसी को बताया, “इस बात में कोई संदेह नहीं ये एक घिनौना काम है. ऐसा लगता है कि ये आठ सैनिक नौ दिसंबर को हुई इस घटना में शामिल थे.”
अधिकारी ने बताया कि ये सैनिक मुर्शिदाबाद की रानीनगर चौकी पर तैनात थे. धुंधले-से वीडियो में देखा जा सकता है कि सैनिकों ने एक युवक को कपड़े उतारे और उसे बेतहाशा पीटना शुरू कर दिया. ये साफ़ नहीं है कि वीडियो किसने फ़िल्माया है.
कोलकाता स्थित मानवाधिकार संगठन ‘मासूम’ ने कहा है कि बीएसएफ़ ने दो बांग्लादेशी नागरिकों समेत तीन युवाओं को पकड़ा था. संस्था के सचिव किरिती रॉय ने कहा, “बाद में एक बांग्लादेशी व्यक्ति को बुरी तरह से पीटा गया.”
भारत-बांग्लादेश सीमा पर मवेशियों की तस्करी आम है और इसमें दोनों देशों के ग्रामीण शामिल रहते हैं.












